अरे, रोमा क्या हुआ तुझे? इस उम्र में ही आंटी नजर आने लगी हो. चेहरे पर झुर्रियां तो आंखों के नीचे काले घेरे. ऐसे ही सवालों से कहीं आप का भी न हो सामना, इस के लिए जरूरी है कि आप समय के साथ चलें. आप का खानपान तो सही होना ही चाहिए, साथ ही ऐंटीऐजिंग टिप्स पर भी ध्यान देना जरूरी होगा, जिन के बारे में बता रही हैं मशहूर ब्यूटी ऐक्सपर्ट और एल्प्स की ऐग्जिक्यूटिव डायरैक्टर इशिका तनेजा.
ऐंटीऐजिंग सीटीएमपी: 40 साल के बाद त्वचा ड्राई हो जाती है. ऐसे में क्लींजिंग के लिए नरिशिंग क्लींजिंग मिल्क या फिर क्लींजिंग क्रीम का इस्तेमाल करें. ये त्वचा को रूखा किए बिना डीप क्लीन करते हैं. बढ़ती उम्र की निशानियों में आम समस्या ओपन पोर्स यानी खुले रोमछिद्रों की होती है. समय के साथ ओपन पोर्स बढ़ जाते हैं, जिस के चलते स्किन पर ऐजिंग दिखती है. इन पोर्स को कम करने के लिए क्लींजिंग के बाद टोनिंग जरूर करें. ध्यान रहे कि अलकोहल युक्त टोनिंग प्रोडक्ट त्वचा से नमी चुरा लेता है, इसलिए इस से बचने के लिए लाइकोपिन युक्त टोनर्स का इस्तेमाल करें. नमी की कमी से चेहरे पर झुर्रियां दिखती हैं. इस की रोकथाम के लिए त्वचा पर मौइश्चराइजर जरूर लगाएं. धूप में निकलने से पहले सनस्क्रीन लगाना न भूलें.
मेकअप ट्रिक्स: एक उम्र के बाद आईब्रोज नीचे की तरफ झुकने और हलकी होने लगती हैं. ऐसे में आंखों को उठाने के लिए आईपैंसिल की मदद से आर्क बना लें और अगर आर्क बना हुआ है तो उसे पैंसिल से डार्क कर लें. इस से आंखें उठी हुई और बड़ी नजर आएंगी. उम्र बढ़ने के साथसाथ आंखों के आकार में भी बदलाव आता है. त्वचा में कुदरती नमी और लचीलेपन में कमी आने के कारण आंखें पहले से थोड़ी छोटी हो जाती हैं. ऐसे में लिक्विड आईलाइनर की बजाय पैंसिल आईलाइनर या फिर आईलैश जौइनर का इस्तेमाल करना ठीक रहता है. आईलाइनर की एक पतली सी लाइन लगा कर स्मज कर लें और ध्यान रखें कि वह ड्रूपिंग न हो, बल्कि ऊपर की ओर उठी हुई हो. वाटरलाइन पर व्हाइट पैंसिल लगाएं, क्योंकि इस से आंखें बड़ी नजर आती हैं. होंठों पर ब्राइट शेड की लिपस्टिक लगा कर अपनी उम्र से 10 साल छोटी दिख सकती हैं.
नाइट रेजीम: जितना जरूरी दिन में सीटीएमपी यानी क्लींजिंग, टोनिंग, मौइश्चराइजिंग ऐंड प्रोटैक्शन है, उतना ही जरूरी रात में सीटीएमएन यानी नरिशमैंट है. अपनी त्वचा को रोज रात में क्लीन करने के बाद नरिश करने के लिए एएचए सीरम या आमंड औयल का इस्तेमाल करें. एएचए यानी अल्फा हाईड्रौक्सी ऐसिड फलों से निकाले गए ऐसिड होते हैं, जो त्वचा में तेजी से कोलोजन बना कर उस पर झुर्रियां पड़ने से बचाते हैं और आंखों के नीचे का कालापन दूर करने में भी मदद करते हैं. इस सीरम के रोजाना इस्तेमाल से साइन औफ ऐजिंग कम होंगे, साथ ही त्वचा निखरी व जवां भी नजर आएगी. फिर चेहरे पर बादाम तेल से मसाज करें. मसाज से रक्तसंचार बेहतर होता है. नतीजतन त्वचा नमीयुक्त व खिलीखिली बनती है.
डाइट में शामिल करें सुपर फूड्स: फूड हैबिट्स का खूबसूरती से गहरा संबंध है. सेहतमंद त्वचा के लिए डाइट में सुपर फूड्स जैसे गाजर, टमाटर, संतरा, ऐवोकैडो, सामन फिश, चिया बीज आदि शामिल करें. इन का भरपूर सेवन ऐजिंग से दूर रखता है.
पानी पीएं भरपूर: दिन में 12 से 15 गिलास पानी जरूर पीएं. पानी के अधिक सेवन से शरीर में मौजूद जहरीले पदार्थ तो बाहर निकलते ही हैं, साथ ही त्वचा में नमी भी बनी रहती है. पानी के साथसाथ छाछ, जूस या नारियल पानी को भी अपनी डाइट में शामिल करें.