आजकल महंगाई आसमान छू रही है. घर को सुचारु रूप से चलाने का दायित्व घर की गृहिणी का होता है. महिला का अधिकांश समय किचन में व्यतीत होता है. किचन में यदि छोटी छोटी बातों का ध्यान रखा जाए तो हम काफी बचत कर सकते हैं. प्रस्तुत हैं, किचन में ध्यान रखने योग्य कुछ ऐसे टिप्स, जिन्हें अपना कर काफी बचत की जा सकती है :
आप के घर के आसपास यदि जमीन खाली है तो वहां छोटा सा किचन गार्डन लगाएं. यदि जमीन एरिया में कम है तो छोटेबड़े गमलों में मिट्टी डाल कर अदरक, लहसुन, मेथी, धनियापत्ती, पुदीना आदि लगाएं. इस से हरी ताजी सब्जियां तो मिलेंगी ही, पैसा भी बचेगा.
बाहर खाना खाना या होटल से पैक कराने की अपेक्षा घर में ही होटल जैसा खाना बनाने का प्रयास करें. यदि आप को बहुत अच्छी कुकिंग नहीं आती है तो किसी कुकरी क्लास को जौइन करें.
आइसक्रीम, केक, पिज्जा, टोमैटो सौस जैसी चीजें बच्चों को बहुत पसंद होती हैं. इन्हें घर पर ही बना कर बच्चों को खिलाएं. घर पर बनाना किफायती तो होता ही हैं, साथ ही ये हाईजीनिक और प्योर भी रहती हैं
किचन में हमेशा प्लानिंग से काम करें, मसलन अगले दिन के नाश्ते, खाने और डिनर की प्लानिंग रात को ही कर लें ताकि सुबह उठ कर आप दालचावल आदि भिगो सकें. पहले से भिगो कर बनाने से खाना जल्दी तो बनता ही है, साथ ही आप की एनर्जी, समय और कुकिंग गैस की भी बचत होती है.
खाना बनाने के लिए जहां तक संभव हो, प्रेशर कुकर और उस के सेपरेटर्स का प्रयोग करें. इस से खाना कम समय में तो बनेगा ही, साथ ही पौष्टिक तत्त्व सुरक्षित रहेंगे और गैस भी बचेगी.
फ्रिज में रखे भोजन को प्रयोग करने से एक-डेढ़ घंटे पूर्व ही फ्रिज से बाहर निकाल दें ताकि उस का तापमान सामान्य हो जाए, क्योंकि सामान्य तापमान में आने पर भोजन को गरम करने से गैस कम खर्च होती है और स्वाद भी बरकरार रहता है.
यदि आप के पास बे्रड मेकर है तो ब्रेड घर में ही बनाएं. एक लाट बे्रड बेक होने दें, तब तक दूसरे को ठंडी होने दें. इस से आप का समय व ईंधन दोनों ही बचेंगे.
फल यदि ज्यादा मात्रा में आ गए हैं या बच गए हैं तो उन का जैम, फ्रूट चाट या फ्रूट कस्टर्ड बना कर बच्चों को खिलाएं.
परिवार के सदस्यों की रुचि को ध्यान में रख कर सप्ताह में एक बार मंडी से सब्जियां खरीद कर लाएं और उसी दिन फ्रिज में रखें ताकि सब्जियां अधिक दिनों तक चलें. हरी सब्जियों का उपयोग पहले करें, क्योंकि ये 1-2 दिन में ही खराब होने लगती हैं.
मेथी, हरी धनिया, पुदीना, मटर, गोभी, टमाटर जैसी सब्जियां सीजन में सस्ती होती हैं. इन्हें प्रिजर्व करें ताकि आप बाद में इन का उपयोग कर सकें. यदि आप के पास माइक्रोवेव है तो हरी सब्जियों को माइक्रोवेव में ही सुखाएं.
परिवार के सदस्य जिस समय पर खाना खाते हों आप उसी समय पर खाना बनाएं. प्रयास करें कि घर के सदस्य अलगअलग समय पर खाना खाने के स्थान पर एकसाथ खाना खाएं ताकि आप को बारबार खाना गरम करने में गैस इस्तेमाल न करनी पड़े.
दाल या सब्जी थोड़ी होने पर छोटे पैन में और अधिक हो तो बड़े पैन में पकाएं.
आजकल माइक्रोवेव भी किचन का एक आवश्यक उपकरण बन गया है. इस में एक बार में एक ही वस्तु को न रख कर समान तापमान और समान समय में बनने वाली वस्तुओं को एकसाथ रखें. इस से समय और बिजली दोनों की बचत होगी.
माइक्रोवेव को कन्वेक्शन और ग्रिल पर चलाने से पूर्व प्रीहीट अवश्य करें. इस से कम समय में भोजन भलीभांति बेक हो सकेगा. यदि आप को एक बार में 2-3 चीजें बेक करनी हैं तो एकसाथ ही बनाने की तैयारी करें और एक वस्तु के बन जाने पर दूसरी को बेक करें. इस से माइक्रोवेव के प्रीहीट होने का समय और बिजली दोनों ही बच जाएंगे.
फ्रिज के थर्मोस्टेट को बारबार एडजस्ट न करें. इस से फ्रिज की फ्रीजिंग क्षमता पर प्रतिकूल असर पड़ता है. इसे गरमी में अधिकतम और सर्दियों में न्यूनतम तापमान पर रखें. फ्रिज को कभी भी ओवरलोड न करें.
डिशवाशर को अधिकतम क्षमता तक बरतनों से भर दें. इस से पैसे और बिजली दोनों की बचत होगी.
माइक्रोवेव ओवन को बारबार न तो खोलें न ही बंद करें. इस से अंदर की हीट कम होती है. एक बार ओवन खोलने से उस की 20% ऊर्जा का नाश होता है.
गैस के चूल्हे में हमेशा ऐसे बर्नर का प्रयोग करें जो तवा, सौसपैन, कड़ाही या अन्य बरतनों के अनुकूल हो. यदि चूल्हे का बर्नर छोटा है तो छोटे तले के बरतनों का प्रयोग करें. ताकि गैस का बेजा खर्च न हो.