Hair Gloss Treatment : अगर बात करें हेयर ट्रीटमैंट की, तो आज नित नए हेयर कैमिकल ट्रीटमैंट हो गए हैं, जिन को कराने के बाद हेयर ड्राई और डैमेज होते जा रहे हैं. इन डैमेज हेयर को हैल्दी और शाइन बनाने के लिए आप हेयर ग्लौस ट्रीटमैंट करा सकती हैं. यह ट्रीटमैंट क्या है और इसे कब कराना चाहिए, बता रहे हैं Unisex Salon के हेयर ऐक्सपर्ट सलीम :

क्‍या होता है हेयर ग्लौस ट्रीटमैंट

यह एक टैंपररी ग्लौसी ट्रीटमैंट है जो कलर किए हेयर के क्‍यूट‍िकल्‍स को, ग्‍लौसी बनाने का काम करता है और हेयर ड्राईनैस कम करता है. इस में पैरोक्‍साइड या अमोन‍िया का इस्‍तेमाल क‍िया जाता है. ये कैम‍िकल्स आप के हेयर्स के क्‍यूट‍िकल्‍स में मर्ज हो जाते हैं। जो लोग बालों में शाइन लाना चाहते हैं, उन के ल‍िए हेयर ग्‍लौस एक बेहतरीन औप्शन है.

पाएं सौफ्ट, शाइनी और नैचुरल हेयर्स

हेयर ऐक्सपर्ट सलीम का कहना है कि अकसर देखा गया है कि लड़कियां फैशन के चलते अपने बालों में डिफरैंट स्टाइलिंग के लिए हीट स्‍टाइल‍िंग टूल्‍स का ज्‍यादा इस्‍तेमाल करती हैं और हेयर ट्रीटमैंट लेती रहती हैं. लेकिन हेयर ट्रीटमैंट के बाद प्रिकाशंस नहीं लेतीं जिस से बालों की शाइन खत्म हो जाती है और वे ड्राई और डैमेज नजर आने लगते हैं.

ऐसी स्थिति में आप हेयर ग्‍लौस ट्रीटमैंट करा सकती हैं जिस से हेयर को सौफ्ट और नैचुरल लुक तो मिलता ही है साथ ही बालों की खोई शाइन भी वापस आती है.

इस के अलावा डाई किए गए बालों में ऐक्‍सट्रा शाइन को बैलेंस करने के ल‍िए भी इस ट्रीटमैंट की मदद ली जाती है. इस ट्रीटमैंट की मदद से स्‍प्‍ल‍िट ऐंड्स, फ्र‍िजी हेयर्स को स्‍मूद करने में भी राहत म‍िलती है.

हेयर ग्लौस के प्रकार

हेयर ग्लौस 2 प्रकार के होते हैं- एक टिंटेड और दूसरा क्लीयर। टिंटेड हेयर ग्लौस ट्रीटमैंट बालों को मनमुताबिक कलर पिगमैंट देता है। वहीं हेयर को नैचुरल ग्लौसी लुक देने के लिए हैल्दी इंग्रीडिऐंट्स से भरपूर क्लीयर ग्लौस भी हैं. बिहेंट्रिमोनियम क्लोराइड और ऐमोडिमेथिकोन हेयर ग्लौस में 2 मुख्य तत्त्व हैं, जो बालों में शाइन मैंटेन बनाए रखता है.

हेयर ग्‍लौस ट्रीटमैंट के बैनिफिट्स

हेयर ग्लौस ट्रीटमैंट बालों को सौफ्ट और उस के टोन को नैचुरल लुक देता है, साथ ही यह कलर हेयर्स के हाई कौपर टोन या ऐक्सट्रा शाइन को बैलेंस भी करता है. यह हाई शाइन फिनिश के लिए स्पिल्ट ऐंड्स, फ्लाइवेज और फ्रिज को भी स्मूद करता है.

हेयर ग्‍लौस ट्रीटमैंट ड्राई और डैमेज बालों के लिए बैस्ट है. यह बालों को र‍िपेयर करता है, बालों की वौल्‍यूम भी बढ़ाता है और शाइन बनाने में भी हैल्प करता है. साथ ही यूवी रेज से बालों को बचाने के ल‍िए कोट करता है.

हेयर ग्लौस से बालों को रखें सुरक्षित

हेयर ग्लौस हेयर प्रोटैक्शन का काम तो करता ही है साथ ही बालों को हार्मफुल यूवी रेज और सन डैमेज से प्रोटैक्ट भी करता है. इस में बालों के लिए कई जरूरी प्रोटीन शामिल होते हैं. इस से बाल डल भी नजर नहीं आते. यह बालों के लिए एक सनस्क्रीन के रूप में काम करता है. इस से बाल सौफ्ट और शाइन बने रहते हैं. हेयर ग्लौस हेयर्स में कोटिंग का काम करता है और बालों को स्मूद और शाइन टैक्सचर देता है.

जिन लोगों के बालों में ड्राईनैस की प्रौब्लम की बढ़ जाती है, उन के लिए यह ट्रीटमैंट सही है. इस के अलावा कई बार कलर हेयर वाश के बाद बालों का कलर डल होने लगता है. यह उसे भी मैंटेन करता है.

हेयर कलर टैक्सचर में शाइन लुक

हेयर ग्लौस हेयर्स के डल कलर में जान डालने का काम करता है. यह एक होम ट्रीटमैंट हेयर प्रोडक्ट भी है. यह बालों को बिना हार्म पहुंचाए कलर टैक्सचर में सुधार कर शाइनी लुक देता है. यह ग्लाऔस ट्रीटमैंट लगभग 10 से 15 बार हेयर वाश तक रहता है.

हेयर वौल्यूम और स्ट्रौंग टैक्सचर

हेयर ग्लौस ट्रीटमैंट चाहे वह टिंटेड हो या क्लीयर हेयर्स के हर स्ट्रैंड को कोट करता है. यह बालों के क्यूटिकल को लिफ्ट करता है, जिस से बालों में वौल्यूम नजर आता है। साथ ही यह बालों को स्ट्रौंग टैक्सचर भी देता है.

हेयर ग्लौस का प्रोसेस

हेयर ग्‍लौस लगाने से पहले सब से पहले बालों को किसी माइल्ड शैंपू से क्लीन क‍िया जाएगा. फ‍िर हेयर ग्‍लौस को बालों की रूट्स से टौप तक लगाया जाएगा. हेयर ग्‍लौस लगाने के बाद इस में कंघी करेंगे जिस से प्रोडक्ट पूरे बालों में अच्छी तरह से फैल जाएं. इसे बालों में लगभग 20 से 25 लगा रहने देंगे फिर शैंपू से क्लीन कर कंडीशनर लगाएंगे. इस के बाद बालों में ब्‍लो ड्राई से हेयर सैटिंग करते हैं. हेयर ग्‍लौस का बालों पर असर लगभग 6 सप्ताह तक रहता है.

तो क्यों न नए साल के जश्न में अपने लुक को हेयर ग्लौस से बेहतर बना कर साल की शुरुआत की जाए.

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