क्या है वीगन डाइट
वीगन डाइट जिसे वीगानिज़्म भी कहा जाता है, एक ऐसी डाइट है, जिसमें मांस, अंडा, दूध, दही या पशु से बनने मिलने वाले उत्पादों को नहीं खाया जाता. बल्कि वीगन डाइट में सबसे अधिक पेड़पौधों से मिलने वाले खाद्य पदार्थों को खाया जाता है. इस डाइट में कच्चे ऑर्गेनिक आहार का अधिक सेवन किया जाता है. साबुत फल, सब्जियां और अनाज इस डाइट की विशेषता हैं. इसे शुद्ध शाकाहारी आहार या प्लांट बेस्ड डाइट भी कहा जाता है.
अब ऐसे में सवाल उठता है कि वीगन डाइट में मांस, अंडा, दूध, दही जैसे खाद्य पदार्थ न होने की वजह से प्रोटीन की कमी को कैसे पूरा किया जाए? इस संबंध में पल्लवबिहानी बोल्डफ़िट के फाउंडर ऐसे सुपरफूड्स के बारे में बताएंगे, जिनके सेवन से आप वीगन डाइट को फॉलो करते हुए प्रोटीन का भरपूर सेवन कर सकते हैं.
वीगन डाइट में प्रोटीन के स्रोत –
शाकाहारी लोगों में प्रोटीन की कमी को पूरा करने के लिए बहुत से खाद्य उत्पाद हैं. उच्च गुणवत्ता वाले शाकाहारी प्रोटीन स्रोतों की कमी नहीं है, लेकिन बता दें कि सबसे अधिक सोया से बने उत्पादों में प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है. बता दें कि टोफू, दालें, बीन्स, अनाज सभी में प्रोटीन भरपूर मात्रा में होता है. जैसे-
- दाल एक कप18 ग्राम प्रोटीन
- काले राजमा एक कप15 ग्राम प्रोटीन
- चना एक कप12 ग्राम प्रोटीन
- 114ग्राम टोफू में 11 ग्राम प्रोटीन
- क्विनोआ एक कप9 ग्राम प्रोटीन
इसके अतिरिक्त नट, नट बटर, कई प्रकार की फलियों और अनाज में भी प्रोटीन पाया जाता है. वीगन डाइट में प्रोटीन की कमी पूरी करने के लिए वेजीटेरियन प्रोटीन पाउडर या वेगन प्लांट प्रोटीन का भी स्मूदी में मिलाकर सेवन किया जा सकता है. इसमें कार्ब की मात्रा बहुत कम होती है, शुगर शून्य के बराबर और यह कीटो फ्रेंडली भी होता है.
वीगन डाइट के लिए प्रोटीन से भरपूर 5 सुपरफूड्स –
आपने सुना होगा कि वीगन डाइट को फॉलो करने के दौरान प्रोटीन से भरपूर खाद्य पदार्थ या मल्टी विटामिन्स से भरपूर डाइट लेना जरूरी होता है. आइए जानते हैं वीगन डाइट के लिए प्रोटीन से भरपूर खाद्य पदार्थ कौन से हैं.
टोफू– टोफू पनीर या चीज का वीगन स्वरूप है. टोफू डेयरी उत्पादों के बेहतरीन विकल्प के रूप में इस्तेमाल होता है. हालांकि इसका स्वाद पनीर से थोड़ा अलग होता है. प्रोटीन से भरपूर टोफू का इस्तेमाल कई व्यंजनों को बनाने में किया जा सकता है. वीगन डाइट में टोफू को शामिल करके आप प्रोटीन की कमी को आसानी से दूर कर सकते हैं. इसके अलावा टोफू में अमीनो एसिड के नौ सभी जरूरी तत्व शामिल होते हैं. इसमें आयरन, कैल्शियम और कई मिनरल्स जैसे मैंगनीज और फास्फोरस होता है. टोफू मैग्नीशियम, कॉपर, जिंक और विटामिन बी1 से भी भरपूर होता है. ये सभी मल्टीविटामिन शरीर को सुचारू रूप से चलाने में मदद करते हैं.
फ्लैक्सीड्स– फ्लैक्सीड्स यानि अलसी के बीज. फ्लैक्सीड्स प्रोटीन, फाइबर और ओमेगा -3 फैटी एसिड से भरपूर होते हैं. फ्लैक्सीड्स को दिनभर में किसी भी वक्त स्नैक्स के रूप में या स्मूीदी में मिलाकर या डेजर्ट के रूप खा सकते हैं. ये न सिर्फ कुछ समय के लिए भूख को शांत करेगा बल्कि इससे शरीर को आवश्यक प्रोटीन भी प्राप्त होता है. 100 ग्राम फ्लैक्सीड्स में 18 ग्राम प्रोटीन शामिल होता है. इसके अलावा इसमें विटामिन बी1, विटामिन बी6, फोलेट, कैल्शियम, आयरन, मैग्नीशियम, फास्फोरस,पोटेशियम जैसे शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व शामिल होते हैं.
दाल – हम सभी जानते हैं कि दालों में उच्च मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है. दाल चावल भारत में दोपहर के भोजन में बहुत मशहूर हैं. इसके सेवन से आप पर्याप्त मात्रा में प्रोटीन का सेवन करते हैं. दालें कई प्रकार की हैं आप अपनी पसंद के मुताबिक किसी भी दाल का सेवन करके प्रोटीन की कमी को दूर कर सकते हैं. इसके अलावा इनमें कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, आयरन, सेलेनियम और फोलेट होता है, जोकि शरीर को आवश्यक पोषण देने का काम करता है.
बीन्स– अगर आप वीगन डाइट को खास बनाने के लिए कुछ अलग सोर्स की तलाश कर रहे हैं तो बीन्स से बेहतर कुछ नहीं. राजमा, काले चने, छोले, इनमें से किसी को भी उबाल कर सलाद के तौर पर खाया जा सकता है. ये ना सिर्फ प्रोटीन से भरपूर होते हैं बल्कि ये एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो कि शरीर में फ्री रेडिकल्स के प्रभाव से लड़ते हैं , इसके अलावा इनमें फोलेट, आयरन, कैल्शियम, पोटेशियम,फाइबर जैसे आवश्यक तत्व भी होते हैं.
एडामे: एडामे एक प्रकार की फली है, जिसमें सोयाबीन पाया जाता है. ये फली भी मटर के समान दिखती है और हरी सब्जियों के परिवार से संबंधित है. यह एशिया और जापान में बहुत लोकप्रिय है. एडामे को उबालकर इसमें और थोड़ा नमक डालकर और अपनी पसंद के कई तरह के मसालों को मिलाकर इसे खाया जाता है. एडामे में उच्च स्तर का प्रोटीन भी होता है जो शरीर के संपूर्ण विकास में मदद करता है. एडामे फोलेट, विटामिन-के और फाइबर से भी भरपूर होता है. कम कैलोरी होने के कारण ये न सिर्फ वजन घटाने, बल्कि कॉलेस्ट्रॉफल को नियंत्रित करने और कैंसर से लड़ने में भी मददगार साबित होता है.
ऐसी स्थिति में जरूरी होते हैं सप्लीमेंट्स
आमतौर पर देखा गया है कि वीगन डाइट फॉलो करने वाले लोगों में विटामिन बी 12, विटामिनडी, आयोडीन, ओमेगा-3डीएचए और ईपीए, विटामिन के2, जिंक, सेलेनियम, मैगनीशियम की कमी हो जाती है. ऐसे में लोगों को प्रोटीन और अन्य विटामिन्स से भरपूर खाद्य पदार्थ लेने की सलाह दी जाती है, लेकिन किन्हीं कारणों से जब खाद्य पदार्थों के माध्यम से विटामिन और मिनरल्स की कमी पूरी नहीं होती तो उन्हें वीगन एसेंशियल न्यूट्रिशन से भरपूर सप्लीमेंट्स लेने की सलाह दी जाती है.